यूपी-बिहार में बढ़ रही Loan की मांग, कर्ज पर सिबिल रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

भारत में कर्ज या लोन लेने का चलन काफी ज्यादा है. लोग अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए अक्सर लोन का सहारा लेते हैं, जो कि आसान भी है. कभी घर खरीदने के लिए, कभी गाड़ी खरीदने के लिए या फिर किसी अन्य जरूरत के लिए. अब कर्ज की पहुंच सिर्फ महाराष्ट्र और तमिलनाडु जैसे बड़े और विकसित राज्यों तक सीमित नहीं है.
बल्कि उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश जैसे राज्य भी कर्ज के मामले में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं. सिबिल रिपोर्ट में हुआ खुलासा दरअसल हाल ही में TransUnion CIBIL की एक रिपोर्ट सामने आई है.
इस नई रिपोर्ट के मुताबिक, देश की करीब 75 फीसदी आबादी ने कम से कम एक बार औपचारिक तौर पर कर्ज लिया है. रिपोर्ट में मार्च 2017 से मार्च 2026 तक के आंकड़ों की स्टडी की गई है. जिससे पता चलता है कि पिछले कुछ सालों में ज्यादा लोग बैंकिंग और क्रेडिट सिस्टम से जुड़े हैं.
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राज्य के अनुसार देखें क्रेडिट एक्टिव के शेयर की लिस्ट: राज्य मार्च 2017 मार्च 2026 उत्तर प्रदेश 8% 11% <td style="width: 33.3333%; height: 22px; text-align
📡 स्रोत: ABP Live Vyapar