युवाओं को अनुसंधान-उन्मुख शिक्षा की ओर अग्रसर होना चाहिए: उपराष्ट्रपति

अगस्त 29, नई दिल्ली: उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने आज तमिलनाडु के इरोड के पेरुंदुरई में कोंगू वेल्लालर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ट्रस्ट के संस्थापक दिवस समारोह और ‘अरिवुकुडम’ के उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित किया।
उन्होंने संस्थान के 41 संस्थापकों की दूरदृष्टि की सराहना करते हुए कहा कि केवीआईटी से जुड़े संस्थानों के माध्यम से करीब एक लाख लोगों ने शिक्षा प्राप्त की है। उन्होंने कोंगू क्षेत्र में शिक्षा के विकास में संस्थान के योगदान की भी प्रशंसा की।
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने कहा कि भारत की निरंतर प्रगति के लिए अनुसंधान, नवाचार और उद्योग-अकादमिक सहयोग को मजबूत करना बेहद जरूरी है। उन्होंने शिक्षण संस्थानों से बुनियादी शिक्षा से आगे बढ़कर ज्ञान, अनुसंधान और नवाचार के वैश्विक केंद्र के रूप में विकसित होने का आह्वान किया।
सी.पी. राधाकृष्णन ने युवाओं से लगातार अपने ज्ञान और कौशल को अपडेट करने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवाओं को बुनियादी शिक्षा तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अनुसंधान, नवाचार और पेटेंट के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए।
साथ ही, उन्हें कृत्रिम बुद्धिमत्ता, रोबोटिक्स, सेमीकंडक्टर, क्वांटम तकनीक, जैव प्रौद्योगिकी और डिजिटल तकनीक जैसे उभरते क्षेत्रों के लिए खुद को तैयार करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि “परिवर्तन ही एकमात्र स्थिर चीज है”, इसलिए युवाओं को अपनी क्षमताओं को पहचानकर स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने चाहिए और दूसरों से तुलना किए बिना आगे बढ़ते रहना चाहिए। उन्होंने मानसिक शांति और एकाग्रता के लिए योग और ध्यान के महत्व पर भी जोर दिया।
उपराष्ट्रपति ने उम्मीद जताई कि ‘अरिवुकुडम’ अनुसंधान, नवाचार और ज्ञान सृजन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित होगा और सामाजिक परिवर्तन के साथ राष्ट्रीय विकास में भी योगदान देगा।
कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कोंगू इंजीनियरिंग कॉलेज के टेक्नोलॉजी बिजनेस इनक्यूबेटर की प्रदर्शनी का भी दौरा किया, जहां नवोन्मेषी परियोजनाओं और तकनीकी समाधानों को प्रदर्शित किया गया।
इस अवसर पर एंकर इंडस्ट्रीज और अरिवुकुडम रिसर्च पार्क के बीच समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान भी हुआ, जिससे उद्योग और अकादमिक क्षेत्र के बीच सहयोग को बढ़ावा मिलेगा।
कार्यक्रम में तमिलनाडु और केरल के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर, सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति एम.एम. सुंदरेश, केवीआईटी ट्रस्ट के अध्यक्ष देवराजन समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। फ़ाइल फ़ोटोSource: PIB